7th Pay Commission! केंद्रीय कर्मचारियों जबरदस्त खुशखबरी! 50% कन्फर्म हुआ महंगाई भत्ता, जाने सैलरी में कितना हुआ इजाफा….

7th pay commission latest news today: केंद्रीय कर्मचारियों के लिए जबरदस्त खुशखबरी है. कर्मचारियों को न्यू ईयर गिफ्ट मिल गया है. महंगाई भत्ते में जबरदस्त इजाफा हुआ है. ये कन्फर्म हो गया है कि कर्मचारियों को 1 जनवरी 2024 से 50 फीसदी महंगाई भत्ता (50 percent dearness allowance) मिलेगा. नवंबर AICPI इंडेक्स के आंकड़ों से ये साफ हो गया है. हालांकि, अभी दिसंबर का नंबर आना बाकी है. अगर इंडेक्स में अच्छा उछाल रहता है तो महंगाई भत्ता 51 फीसदी भी हो सकता है. लेकिन, अभी तक 50 फीसदी कन्फर्म हो चुका है. इसमें 4 फीसदी का इजाफा होना तय है.

AICPI इंडेक्स से साफ हुई तस्वीर

केंद्रीय कर्मचारियों के महंगाई भत्ते को कैलकुलेट करने वाला आंकड़ा आ गया है. AICPI इंडेक्स के नवंबर 2023 के नंबर्स जारी हो गए हैं. इंडेक्स 0.7 प्वाइंट का उछाल देखने को मिला है. इससे कुल महंगाई भत्ते का स्कोर 0.60 फीसदी बढ़कर 49.68 फीसदी पहुंच गया है. अब इतना कन्फर्म है कि आने वाले दिनों में केंद्रीय कर्मचारियों को 50 फीसदी महंगाई भत्ता मिलेगा. मतलब साफ है कि इसमें 4 फीसदी का इजाफा होने वाला है.

AICPI Index में क्या आया बदलाव?

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50 फीसदी के बाद 0 हो जाएगा DA

जनवरी 2024 से केंद्रीय कर्मचारियों को 50 फीसदी डीए मिलेगा. लेकिन, इसके बाद महंगाई भत्ते को जीरो कर दिया जाएगा. इसके बाद महंगाई भत्ते की गणना 0 से शुरू होगा. 50 फीसदी डीए को कर्मचारियों की बेसिक सैलरी में जोड़ दिया जाएगा. मान लीजिए अगर किसी कर्मचारी के पे-बैंड के हिसाब से न्यूनतम बेसिक सैलरी 18000 रुपए है तो 50 फीसदी का 9000 रुपए उसकी सैलरी में जोड़ दिया जाएगा.

कब जीरो किया जाता है महंगाई भत्ता?

जब भी नया वेतनमान लागू किया जाता है कर्मचारियों को मिलने वाले DA को मूल वेतन में जोड़ दिया जाता है. जानकारों का कहना है कि यूं तो नियम कर्मचारियों को मिलने वाले शत-प्रतिशत डीए को मूल वेतन में जोड़ना चाहिए, लेकिन ऐसा नहीं हो पाता. वित्तीय स्थिति आड़े आती है.

हालांकि, साल 2016 में ऐसा किया गया. उससे पहले साल 2006 में जब छठा वेतनमान आया तो उस समय पांचवें वेतनमान में दिसंबर तक 187 प्रतिशत DA मिल रहा था. पूरा डीए मूल वेतन में मर्ज दिया गया था. इसलिए छटे वेतनमान का गुणांक 1.87 था. तब नया वेतन बैंड और नया ग्रेड वेतन भी बनाया गया था. लेकिन, इसे देने में तीन साल लग थे.