पटना, 2 अप्रैल 2026: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को उनके पद से हटने के बाद भी Z+ सुरक्षा कवर जारी रहेगा। यह निर्णय आज बिहार सरकार द्वारा लिया गया, जिससे उनकी व्यक्तिगत सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकेगी। इस फैसले से नीतीश कुमार की सुरक्षा में कोई बदलाव नहीं होगा, और उन्हें पहले की तरह ही सुरक्षा प्रदान की जाएगी।
सुरक्षा समीक्षा के बाद लिया गया निर्णय
गृह विभाग के सूत्रों के अनुसार, नीतीश कुमार की सुरक्षा का मूल्यांकन हाल ही में किया गया था। इस मूल्यांकन में उनकी संभावित सुरक्षा खतरों और जोखिमों का आकलन किया गया। 28 मार्च 2026 को हुई उच्च स्तरीय बैठक में, पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) सुनील कुमारBarnwal ने सुरक्षा व्यवस्था को बनाए रखने की सिफारिश की थी। डीजीपी ने बताया कि नीतीश कुमार एक प्रमुख राजनीतिक व्यक्ति हैं और उन्हें लगातार सुरक्षा की आवश्यकता है।
सुरक्षा समीक्षा रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि नीतीश कुमार को अतीत में कई बार धमकियां मिली हैं। इन धमकियों को गंभीरता से लेते हुए, सरकार ने उनकी सुरक्षा को बनाए रखने का फैसला किया है। विशेष सुरक्षा समूह (एसएसजी) के कमांडेंट, रवि रंजन ने पुष्टि की कि Z+ सुरक्षा प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन किया जाएगा।
Z+ सुरक्षा का क्या मतलब है?
Z+ सुरक्षा भारत में सबसे उच्च स्तर की सुरक्षा प्रदान की जाती है। इसमें 16 से 20 सशस्त्र सुरक्षाकर्मी शामिल होते हैं, जो 24 घंटे सुरक्षा प्रदान करते हैं। सुरक्षाकर्मियों में सशस्त्र गार्ड, कमांडो और पुलिस अधिकारी शामिल होते हैं। इसके अतिरिक्त, नीतीश कुमार को एक बुलेटप्रूफ कार और एस्कॉर्ट वाहन भी प्रदान किया जाएगा।
यह सुरक्षा कवर नीतीश कुमार को संभावित हमलों से बचाने के लिए डिज़ाइन किया गया है। सुरक्षाकर्मी उनके आवास, यात्रा मार्गों और सार्वजनिक कार्यक्रमों में सुरक्षा प्रदान करेंगे। सरकार ने यह भी सुनिश्चित किया है कि नीतीश कुमार के आसपास के क्षेत्र में कड़ी निगरानी रखी जाए।
राजनीतिक प्रतिक्रिया
इस फैसले पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं मिली-जुली रही हैं। जनता दल यूनाइटेड (जदयू) के प्रवक्ता, अजय कुशवाहा ने सरकार के फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा, “नीतीश कुमार बिहार के एक महत्वपूर्ण नेता हैं और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है।”
लेकिन, राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के नेता, तेजस्वी यादव ने इस फैसले पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा, “सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि Z+ सुरक्षा प्रदान करने की आवश्यकता क्यों है। यह जनता के पैसे की बर्बादी है।” तेजस्वी ने 1 अप्रैल 2026 को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह बात कही।
सुरक्षा खर्च
Z+ सुरक्षा कवर प्रदान करने में सरकार को प्रति वर्ष लगभग ₹2 करोड़ का खर्च आएगा। इस खर्च में सुरक्षाकर्मियों के वेतन, वाहनों के रखरखाव और अन्य संबंधित खर्च शामिल हैं। बिहार सरकार के वित्त विभाग ने इस खर्च को मंजूरी दे दी है।
हालांकि, सरकार का कहना है कि नीतीश कुमार की सुरक्षा को प्राथमिकता देना आवश्यक है। गृह विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव, आमिर सुभानी ने कहा, “सुरक्षा किसी भी कीमत पर समझौता करने योग्य नहीं है। हम नीतीश कुमार को पूरी सुरक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”
अधिक जानकारी के लिए, आप बिहार सरकार के आधिकारिक पोर्टल पर जा सकते हैं। नीतीश कुमार के सुरक्षा संबंधी Bihar government portal पर आधिकारिक अधिसूचना भी उपलब्ध है।








