सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई भत्ते (Dearness Allowance – DA) का मुद्दा एक बड़ी चिंता का विषय बना हुआ है। 7वें वेतन आयोग के तहत, महंगाई भत्ते में नियमित रूप से वृद्धि होती रही है, लेकिन जनवरी 2026 से इसका ऐलान अभी तक नहीं हुआ है। इससे लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को आर्थिक रूप से नुकसान हो रहा है। अखिल भारतीय सरकारी कर्मचारी संघ (All India Government Employees Federation – AIGEF) के महासचिव, सी. एस. वर्मा ने 2 मार्च 2026 को कहा कि सरकार को जल्द से जल्द महंगाई भत्ते में वृद्धि का ऐलान करना चाहिए।
महंगाई भत्ते में देरी का कारण क्या है?
महंगाई भत्ते में देरी के कई कारण बताए जा रहे हैं। मुख्य रूप से, केंद्र सरकार की वित्तीय स्थिति और आगामी लोकसभा चुनावों को लेकर सतर्कता को इसका कारण माना जा रहा है। एक सरकारी सूत्र ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि सरकार महंगाई भत्ते में वृद्धि के लिए ₹35,000 करोड़ से अधिक का प्रावधान करने के लिए तैयार है, लेकिन चुनाव आयोग के दिशानिर्देशों का पालन करना होगा। वित्त मंत्रालय और कार्मिक मंत्रालय के बीच इस मुद्दे पर लगातार बैठकें हो रही हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है।
सैलरी में कितना बढ़ेगा?
अनुमान है कि जनवरी 2026 से महंगाई भत्ते में 3% की वृद्धि हो सकती है। इसका मतलब है कि मूल वेतन के आधार पर, कर्मचारियों की सैलरी में ₹3,000 से ₹5,000 तक की वृद्धि हो सकती है। उदाहरण के लिए, यदि किसी कर्मचारी का मूल वेतन ₹50,000 है, तो उसकी सैलरी में ₹1,500 की वृद्धि होगी। हालांकि, यह वृद्धि हर कर्मचारी के मूल वेतन पर निर्भर करेगी। पेंशनभोगियों को भी इसी अनुपात में महंगाई राहत (Dearness Relief – DR) का लाभ मिलेगा।
पिछली बार कब हुई थी वृद्धि?
पिछली बार, सितंबर 2025 में, केंद्र सरकार ने महंगाई भत्ते में 4% की वृद्धि का ऐलान किया था। यह वृद्धि जनवरी 2025 से लागू हुई थी। उस समय, महंगाई भत्ते की दर 50% से बढ़कर 54% हो गई थी। इससे लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को तत्काल राहत मिली थी। श्रम मंत्री भूपेंद्र यादव ने 15 सितंबर 2025 को संसद में यह घोषणा की थी।
बिहार के कर्मचारियों पर क्या असर होगा?
बिहार में भी लाखों सरकारी कर्मचारी और पेंशनभोगी इस महंगाई भत्ते में वृद्धि का इंतजार कर रहे हैं। बिहार सरकार भी केंद्र सरकार के फैसले का पालन करती है। पटना के एक सरकारी कर्मचारी, रवि कुमार ने बताया कि महंगाई भत्ते में देरी से उनके परिवार की आर्थिक स्थिति पर असर पड़ रहा है। उन्होंने 5 अप्रैल 2026 को कहा, “महंगाई बढ़ रही है, लेकिन हमारी सैलरी स्थिर है। सरकार को जल्द से जल्द इस पर ध्यान देना चाहिए।”
कब तक होगा ऐलान?
माना जा रहा है कि सरकार लोकसभा चुनाव से पहले महंगाई भत्ते में वृद्धि का ऐलान कर सकती है। चुनाव आयोग के दिशानिर्देशों के अनुसार, आदर्श आचार संहिता लागू होने से पहले यह घोषणा की जा सकती है। कुछ सूत्रों का कहना है कि मार्च 2026 के अंत तक या अप्रैल 2026 की शुरुआत में इस पर फैसला लिया जा सकता है। लेकिन, अभी तक कोई आधिकारिक तारीख तय नहीं हुई है। बिहार सरकार पोर्टल पर भी इस मुद्दे पर कोई अपडेट उपलब्ध नहीं है।
And, यह देखना दिलचस्प होगा कि सरकार इस मुद्दे को कैसे हल करती है और लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को राहत कब मिलती है। But, फिलहाल, कर्मचारियों को इंतजार करना होगा और सरकार के फैसले का सम्मान करना होगा।
अधिक जानकारी के लिए, आप बिहार सरकार की आधिकारिक वेबसाइट पर भी जा सकते हैं।
